IR sensor (IR सेंसर ) क्या है ? | Working |Applications

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दोस्तों electronics column में आप सभी का स्वागत है. उम्मीद है आप सभी हमारे  blogs को पढ़ते होंगे. तो आज का blog sensors के related है. जी हाँ, आज हम IR sensors के बारे में पढेंगे. तो चलिए शुरू करते हैं.

Introduction:

आप सभी ने wireless applications में infrared technology का इस्तेमाल होते देखा होगा. इस Infrared technology का उपयोग ज़्यादातर sensing और remote controls के areas में होता है. Electromagnetic spectrum में infrared तीन region में divided है: near infrared region, mid infrared region and far infrared region.

इन सभी regions की wavelength और उसकी application नीचे दी गई है.

  • Near infrared region — 700 nm to 1400 nm — IR sensors, fiber optic
  • Mid infrared region — 1400 nm to 3000 nm — Heat sensing
  • Far infrared region — 3000 nm to 1 mm — Thermal imaging

Infrared की frequency microwave और  less और  visible light की frequency से ज्यादा होती है.

Optical sensing और optical communication में, photo optics technologies का इस्तेमाल near infrared region में होता है जो source of signal के लिए काम करता है. Optical wireless communication भी short range applications के लिए IR data transmission का इस्तेमाल करता है.


Infrared sensor:

Infrared sensor एक electronic device है जो surroundings को किसी न किसी aspect में sense करने के लिए emit करता है. IR sensor object की heat को measure कर सकता है और object की  motion भी detect कर सकता है. इस type के sensor सिर्फ infrared radiation को measure करते है ना कि emission को.  इसलिए इसे हम passive IR sensor कहते है. Objects जो infrared radiation emit करते है वो आँखों के लिए invisible है औरए सिर्फ infrared IR sensor ही detect कर सकता है. Emitter एक IR LED की तरह होता है और detector IR LED receptor की तरह होती है. IR sensor पर जब IR radiation fall होती है तो वह उसे detect करता है.

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    • Proximity sensors (जो touchscreen phones और edge avoiding robots में इस्तेमाल होता है),
    • Contrast sensors (line following robots में इस्तेमाल होता है)
  • Obstruction counters/sensors ( counting goods और burglar alarms में इस्तेमाल होता है).

ये कुछ IR sensors के examples है. Infrared sensor surroundings को sense करने करने के लिए infrared radiation को emits या detect करता है.



IR sensors के types:

Infrared sensors या तो passive या active हो सकता है. Passive infrared sensors  basically Infrared detectors होता है. Passive infrared sensors कोई भी infrared source का इस्तेमाल नहीं करता है और field के view में जो obstacles होती है वो जो energy emit करती है उसे detect करती है. यह भी दो  types के होते हैं:

  1. Thermal

  2. Quantum

Thermal infrared sensors infrared energy अपने source of energy की तरह  इस्तेमाल करते हैं और यह wavelength के  independent होती है. Thermal infrared detectors के कुछ examples:

  1. Thermocouples
  2. Pyroelectric detectors
  3. bolometers

Quantum type infrared detectors higher detection performance offer करती है और ये thermal type infrared detectors से ज्यादा fast होती है. Quantum type detectors की photosensitivity wavelength पर dependent होती है. Quantum type detectors भी दो types के होते हैं:

  1. Intrinsic
  2. extrinsic types

Intrinsic type quantum detectors –photoconductive cells, photovoltaic cells


Active infrared sensors के दो elements होते हैं:

  1. Infrared source
  2. Infrared detector

Infrared sources में LED या infrared laser diode include होते हैं. Infrared detectors में photodiodes या phototransistors include होते हैं. Infrared source से जो energy emit होती है वो object से reflect होती है और infrared detector पर fall होती है.

IR LED | Infrared LED :

Infrared light emitting diode (IR LED) एक special purpose LED है जो emitting rays emit करता है जिसकी range 700nm से 1mm wavelength होती है. अलग अलग IR LEDs अलग wavelength में infrared light emit करती है जो अलग अलग colour में होता है. IR leds gallium arsenide या aluminum gallium arsenide से बना होता है. ये सिर्फ receivers ही नहीं बल्कि sensors भी होती है.


Principle of Working:

IR sensor, object detection sensor  की तरह कैसे काम करता है और उसका principle नीचे दिए हुए figure से explain किया हुआ है. IR sensor में IR LED और IR photodiode present होता है. वो दोनों साथ में photo-coupler या opto-coupler कहलाते हैं.

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जब IR transmitter radiation emit करता है, वो object के पास पहुचता है और कुछ radiation reflect हो जाता है. IR receiver के reception के intensity के base पर sensor का output define होता है.

Obstacle Sensing Circuit or IR Sensor Circuit:

एक typical IR sensing circuit नीचे दी गई है.

2000px-Mfrey_infrared_remote_control_tester.svg.png

Electronic device में infrared sensor circuit बहुत basic और popular sensor module है. यह sensor human’s visionary senses के analogous होता है जो obstacles को detect करता है. इस circuit में नीचे दिए हुए component present हैं:

  • LM358 IC2 IR transmitter and receiver pair
  • Resistors of the range of kilo ohms.
  • Variable resistors.
  • LED (Light Emitting Diode).

इस project में, transmitter section में  IR sensor included है, जो  continuous IR rays transmit करता है और उसे फिर IR receiver module receive करता है. एक IR output terminal का receiver जितनी IR rays receive करता है उस पर depend करता है. लेकिन इस variation को हम ऐसे ही analyze नहीं कर सकते हैं इसलिए हम इसे comparator circuit में feed करते हैं. यहाँ पर operational amplifier circuit LM 339 comparator circuit की तरह काम कर रहा है.

जब IR receiver कोई भी signal receive नहीं करता है तो inverting input का potential non-inverting terminal से high होता है, इसलिए LED glow नहीं होता है. हम यहाँ comparator IC (LM339) की बात कर रहे हैं. जब IR receiver के पास signal recieve होता है तो वह inverting input को low कर देता है. इसलिए comparator का output high हो जाता है और LED glow करने लगती है.

Resistor R1 (100 ohm ), R2 (10k ohm) और R3 (330 ohm) का इस्तेमाल इसलिए हो रहा है ताकि वो  IR LED devices जैसे photodiode, normal LEDs में 10mA का current ensure कर सके. Resistor VR2 (preset=5k ohm ) का इस्तेमाल भी इसलिए हो रहा है ताकि को circuit diagram की sensitivity set कर सके.


IR Sensor Applications:

IR sensors बहुत सारे sensor based projects में इस्तेमाल होते हैं aur various electronic devices में भी जहाँ temperature measure होता है. नीचे उसके examples दिए गए हैं. 

Radiation Thermometers:

IR sensors का इस्तेमाल radiation thermometers में होते हैं ताकि वो temperature measure कर सके और ये material के temperature पर depend करता है और ये thermometers में नीचे दिए हुए features present होता है.

  • Measurement without direct contact with the object
  • Faster response
  • Easy pattern measurements 

Flame Monitors:

इस type के devices का इस्तेमाल flames से emitted light को detect करने में होता है. और यह ये भी monitor करता है की कैसे flames burn होता है. ये emitted light का flame range UV to IR region types तक extend होता है. PbS, PbSe, Two-color detector, pyro electric detector ये कुछ examples है जो flame monitors में detector का काम करता है.

Moisture Analyzers:

Moisture amalyzers में वो wavelengths use होते है जिसे moisture IR region में absorb कर लेता है. Object light के साथ irradiated होते है जिसकी wavelengths (1.1 µm, 1.4 µm, 1.9 µm, and 2.7µm) होती है  ये जो light object से reflect होते हैं वो moisture content  पर depend करता है और इसे analyser detect करता है जो की (ratio of reflected light at these wavelengths to the reflected light at reference wavelength) होता है.  GaAs PIN photodiodes में, Pbs photoconductive detectors का इस्तेमाल moisture analyzer circuits होता है.

Gas Analyzers:

IR sensors का इस्तेमाल gas analyzers में भी होता है जो की IR region में gases की absorption characteristics का इस्तेमाल करता है. Gas की density measure करने के लिए दो types के methods का इस्तेमाल होता है: dispersive और non dispersive.

Dispersive: Emitted light को spectroscopically divide किया जाता है और उसकी absorption characteristics का इस्तेमाल हम gas ingredients और sample quantity को analyze करने में करते हैं.

Non dispersive: यह method सबसे ज्यादा इस्तेमाल होता है और ये absorbtion characteristics को

बिना emitted light को divide किये इस्तेमाल करता है. Non dispersive types का इस्तेमाल discrete optical band pass filters, जो sunglasses से similar होता है  जिसका इस्तेमाल हम eye protection के लिए करते है ताकि वो unwanted UV radiation को filter out कर सके.

इस type के configuration को हम commonly non dispersive infrared (NDIR) technology से refer करते हैं. इस type के analyzer का इस्तेमाल हम carbonated drinks में करते है जहाँ non dispersive analyzer  का इस्तेमाल commercial IR instruments में सबसे ज्यादा होता है. इसे हम automobile exhaust gas fuel leakages में भी करते है.

उम्मीद आप सभी को IR sensors के बारे अब आपकी knowledge बढ़ गई हो. इसी तरह आप हमारे blog को follow करते रहे.

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